- भारत में शासन की बढ़ती जटिल चुनौतियाँ प्रशासन की खंडित और आवधिक व्यवस्था से आगे बढ़कर कृत्रिम बुद्धिमत्ता-सक्षम, वास्तविक समय पर आधारित, पूर्वानुमानात्मक और साक्ष्य-आधारित शासन व्यवस्था की ओर संक्रमण की आवश्यकता को रेखांकित करती हैं।
- शासन संरचना का विखंडन: सरकारी विभाग अलग-अलग डेटाबेस, रिपोर्टिंग प्रारूपों और निगरानी तंत्रों के माध्यम से कार्य करते हैं, जिससे सूचनाओं के एकीकरण में बाधा उत्पन्न होती है और संपूर्ण-सरकार दृष्टिकोण कमजोर होता है।
- निगरानी में विलंब: आवधिक रिपोर्टों और समीक्षाओं पर अत्यधिक निर्भरता के कारण परियोजनाओं में देरी, वित्तीय रिसाव, लागत में वृद्धि तथा सार्वजनिक सेवाओं के वितरण में कमियों का समय पर पता नहीं चल पाता है। Read More
शासन में कृत्रिम बुद्धिमत्ता: भारत के लोक प्रशासन में परिवर्तन
संदर्भ
वर्तमान शासन संबंधी मुद्दे