- भारत के सर्वोच्च न्यायालय ने कारागारों की अमानवीय परिस्थितियों पर स्वतः संज्ञान लेते हुए सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को कारागार की स्थिति संबंधी अद्यतन एवं व्यापक आँकड़े प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
- न्यायालय ने राज्यों को भीड़भाड़ की समस्या से निपटने हेतु वर्तमान एवं प्रस्तावित उपायों का विवरण प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है।
- न्यायालय ने कारागारों में निरुद्ध माताओं के साथ रहने वाले बच्चों की शिक्षा, स्वास्थ्य और कल्याण सुनिश्चित करने पर बल दिया है।
- राज्यों को स्वीकृत पदों की संख्या, रिक्तियों तथा भर्ती के लिए उठाए गए कदमों का विवरण देने का निर्देश दिया गया है। Read More
सर्वोच्च न्यायालय का कारागार सुधारों पर बल
संदर्भ
सर्वोच्च न्यायालय द्वारा दिए गए निर्देश